
जालंधर (धीरज अरोड़ा) : सेंट्रल टाउन स्थित गोल मार्केट में आज योगेश सूरी की अध्यक्षता में दुकानदारों ने पंजाब सरकार व आप सुप्रीमों अरविन्द केजरीवाल द्वारा पंजाब केसरी पत्र समूह पर की गई दमनकारी कार्रवाई के विरुद्ध धरना-प्रदर्शन किया। धरने को संबोधित करते हुए योगेश सूरी ने कहा कि मीडिया संस्थानों की स्वतंत्रता लोकतंत्र का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है और किसी भी प्रकार की सरकारी कार्रवाई को जनता के बीच स्पष्टता और पारदर्शिता के साथ रखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि पंजाब केसरी समूह एक प्रतिष्ठित मीडिया संस्थान है, जिसने 60 वर्षों से अधिक समय से सामाजिक, व्यापारिक और जनहित के विषयों को प्रमुखता से उठाया है। श्री सूरी ने अपने संबोधन में यह भी कहा कि सरकार को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि किसी भी कार्रवाई से अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को लेकर गलत संदेश न जाए। उन्होंने कहा कि मीडिया और सरकार, दोनों का उद्देश्य जनहित होना चाहिए और आपसी संवाद से हर मुद्दे का समाधान संभव है।
धरने में शामिल दुकानदारों ने कहा कि मीडिया की स्वतंत्र भूमिका लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत बनाती है। दुकानदारों ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह प्रदर्शन किसी टकराव के उद्देश्य से नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त करने के लिए आयोजित किया गया है। दुकानदारों का कहना है कि एक मजबूत लोकतंत्र में सवाल पूछना और उन पर संवाद होना स्वाभाविक प्रक्रिया है। इस दौरान योगेश सूरी ने पंजाब सरकार से अपेक्षा जताई कि मीडिया से जुड़े मामलों में संतुलित और संवादात्मक दृष्टिकोण अपनाया जाए। उन्होंने कहा कि पंजाब केसरी जैसे समाचार समूह ने हमेशा सामाजिक जिम्मेदारी के साथ पत्रकारिता की है और ऐसे संस्थानों की भूमिका को सकारात्मक रूप में देखा जाना चाहिए। अंत में दुकानदारों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया है कि यदि पंजाब केसरी पत्र समूह पर दमनकारी व लक्षित कारवाईयाँ नहीं रुकी तो सभी दुकानदार अपनी दुकाने बंद करने के लिए मज़बूर होंगे क्योकि लोकतंत्र पर हमला होना आम आदमी की सुरक्षा पर भी एक बड़ा हमला है। इस अवसर पर श्री सूरी के आलावा डा. विजय शुक्ला, विजयपाल सिंह, जतिन कुमार, दिलशाद अहमद, शाहिद अली, एडवोकेट हितेश सूरी, विशाल चावला, अंकुश गुप्ता, गगनदीप मनु, लक्की सिंह, कलीम अहमद, मोनू, सुरिदरपाल व अन्य उपस्थित रहे।








